Close Menu
  • Homepage
  • ताज्या बातम्या
  • बाजार-भाव
  • शेतीविषयक
  • कृषी-चर्चा
  • हवामान
  • पशु पालन
  • इंडस्ट्री
  • सरकारी योजना
  • ग्रामीण उद्योग

Subscribe to Updates

Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

What's Hot

महाराष्ट्रात थंडीची चाहूल

November 5, 2024

Banana Cultivation : उन्नत तरीके से केले की खेती कैसे करें ?

April 16, 2024

Jowar Market : किसानों को ज्वार सें हुआ करोडो का नुकसान

April 16, 2024
Facebook X (Twitter) Instagram
Facebook X (Twitter) Instagram
Krishi CharchaKrishi Charcha
Subscribe
  • Homepage
  • ताज्या बातम्या
  • बाजार-भाव
  • शेतीविषयक
  • कृषी-चर्चा
  • हवामान
  • पशु पालन
  • इंडस्ट्री
  • सरकारी योजना
  • ग्रामीण उद्योग
Krishi CharchaKrishi Charcha
Home » दाल और खाद्य तेल की कीमतों में हो सकती है बढ़ोतरी
शेतीविषयक

दाल और खाद्य तेल की कीमतों में हो सकती है बढ़ोतरी

Neha SharmaBy Neha SharmaAugust 31, 2023No Comments2 Mins Read
Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email
Share
Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

महंगाई से अभी राहत मिलने की उम्मीद नहीं दिखाई दे रही है. आने वाले दिनों में तिलहन और दलहन की कीमतों में और बढ़ोतरी हो सकती है. इससे आम जनता के ऊपर महंगाई का बोझ और बढ़ जाएगा. कहा जा रहा है कि अगस्त में औसत से काफी कम बारिश हुई है और सितंबर तक ऐसी ही स्थिति बनी रहेगी. यानि कि अगले महीने भी मानसून कमजोर ही रहेगा. ऐसे में दलहन और तिलहन की पैदावार पर असर पड़ेगा, जिससे उत्पादन भी प्रभावित हो सकता है. ऐसे में आने वाले दिनों में दलहन और तिलहन की कीमतों में और बढ़ोतरी हो सकती है.

भारत मौसम विज्ञान विभाग के मुताबिक, इस साल अगस्त में पिछले 8 सालों में औसत से काफी कम बारिश हुई है. लेकिन, El Nino फैक्टर की वजह से अगले महीने भी औसत से कम ही बारिश होने की संभावना है. हालांकि, देशभर में दलहन और तिलहन की बुआई हो चुकी है. अब कुछ दिनों के बाद फसलों में फुल आने शुरू हो जाएंगे. ऐसे में फसलों की सिंचाई की ज्यादा जरूरत पड़ती है. लेकिन पानी की कमी की वजह से दलहन और तिलहन की पैदावार पर असर पड़ेगा, जिससे उत्पादन में गिरावट भी आ सकती है.

उत्तर पश्चिम हिस्से में ही अच्छी बारिश दर्ज की गई है

मौसम विभाग का कहना है कि केवल देश के उत्तर पश्चिम हिस्से में ही अच्छी बारिश दर्ज की गई है. इन इलाकों में पिछले साल के मुकाबले 6 प्रतिशत ज्यादा बारिश दर्ज की गई है. वहीं, मध्य भारत में औसत से 7 फीसदी कम, पूर्व उत्तर भारत में 15 फीसदी कम और दक्षिण भारत में औसत से 17 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई है. ऐसे में मौसम विभाग के अधिकारियों का कहना है कि अगस्त महीने के दौरान पूरे देश में पिछले साल के मुकाबले 35 प्रतिशत कम बारिश रिकॉर्ड की गई है. अधिकारियों की माने तो अगर सितंबर में सामान्य से अधिक भी बारिश होती है तो भी अगस्त महीने की कमी को पूरा नहीं किया जा सकता है.

खाद्यान्न उत्पादन का लक्ष्य 332 मिलियन टन रखा गया है

हालांकि, फसल सीजन 2022-23 में देश में खाद्यान्न उत्पादन में 5 फीसदी की बढ़ोतरी हुई थी. भारत का खाद्यान्न भंडार330.5 मिलियन टन पर पहुंच गया था. जबकि, इस साल खाद्यान्न उत्पादन का लक्ष्य 332 मिलियन टन रखा गया है.

Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email
Neha Sharma
  • Website

Related Posts

Banana Cultivation : उन्नत तरीके से केले की खेती कैसे करें ?

April 16, 2024

Jowar Market : किसानों को ज्वार सें हुआ करोडो का नुकसान

April 16, 2024

ROSE CULTIVATION : पॉलीहाउस में गुलाब लगाकर कमाएं लाखों रुपए।

April 12, 2024

Leave A Reply Cancel Reply

You must be logged in to post a comment.

Our Picks
Stay In Touch
  • Facebook
  • Twitter
  • Pinterest
  • Instagram
  • YouTube
  • Vimeo
Don't Miss

महाराष्ट्रात थंडीची चाहूल

हवामान November 5, 2024

सध्या ऑक्टोबर हिटचा प्रभाव अजूनही जाणवत आहे. पण लवकरच महाराष्ट्रात थंडीचीही चाहूल लागू शकते. सध्या…

Banana Cultivation : उन्नत तरीके से केले की खेती कैसे करें ?

April 16, 2024

Jowar Market : किसानों को ज्वार सें हुआ करोडो का नुकसान

April 16, 2024

ROSE CULTIVATION : पॉलीहाउस में गुलाब लगाकर कमाएं लाखों रुपए।

April 12, 2024

Subscribe to Updates

Get the latest creative news from SmartMag about art & design.

Krishi Charcha
  • Homepage
  • Privacy Policy
  • Contact Us
  • Disclaimer
  • Terms and Conditions
© 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.